दीप बन जग में उजियारा फैलाएं.... - Kavita Rawat Blog, Kahani, Kavita, Lekh, Yatra vritant, Sansmaran, Bacchon ka Kona
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सोमवार, 24 अक्तूबर 2011

दीप बन जग में उजियारा फैलाएं....


दीपावली की गहन अंधियारी रात्रि में
जब हरतरफ पटाखों के शोरगुल
और धुएं से उपजे प्रदूषण के बीच
अन्धकार को मिटाने को उद्धत
छोटे से टिमटिमाते दीप को
निर्विकार भाव से निरंतर
जलते देखती हूँ
तो भावुक मन सोचने लगता है कि
जीवन भर आलोक बिखेर कर
दूसरों का पथ प्रदर्शन करने वाला
मानव को समभाव का पाठ पढाता
यह नन्हा सा दीपक किस तरह
अपने क्षणिक जीवन में
वह सब समझ लेता है
जो हम जीवन भर नहीं समझ पाते
तभी तो वह अपनी जीवन की
मूल्यवान घड़ियों को व्यर्थ नहीं गवांता
प्राणयुक्त तेल चुक जाने के बाद भी
अपनी आखिरी दम तक जलकर
मंद-मंद प्रकाश बिखेरना नहीं छोड़ता
सूरज के निरंतर चलते रहने के व्रत को
अंधियारी रात्रि में निरंतर जलकर
प्रकाश के क्रम को टूटने नहीं देता है
इस भौतिक जगत में जो भी आया
वह एक न एक दिन जाएगा जरुर
यह तथ्य वह हमसे पहले जान लेता है
क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं

सबको दीप पर्व की हार्दिक शुभकामनाओं सहित..
                                        ..कविता रावत 

91 टिप्‍पणियां:

Dr.NISHA MAHARANA ने कहा…

दीये की लौ की भाँति
करें हर मुसीबत का सामना
खुश रहकर खुशी बिखेरें
यही है मेरी शुभकामना।

Shah Nawaz ने कहा…

आपको भी दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ!

Geeta ने कहा…

diwali ki shubkamnaye aapko or aapke pariwaar ko

Rakesh Kumar ने कहा…

इस भौतिक जगत में जो भी आया
वह एक न एक दिन जाएगा जरुर
यह तथ्य वह हमसे पहले जान लेता है
क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं

बहुत सुन्दर अभिव्यक्ति है आपकी कविता जी.
सद् प्रेरणा देती हुई.
सुन्दर प्रस्तुति के लिए आभार.

धनतेरस व दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ.

समय मिलने पर मेरे ब्लॉग पर भी आईयेगा.

डॉ. मोनिका शर्मा ने कहा…

क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें

बहुत सुंदर ....हार्दिक शुभकामनायें आपको भी.....

संगीता स्वरुप ( गीत ) ने कहा…

बहुत सुन्दर प्रस्तुति ... दीपावली की शुभकामनाएँ

Urmi ने कहा…

आपको एवं आपके परिवार के सभी सदस्य को दिवाली की हार्दिक बधाइयाँ और शुभकामनायें !
मेरे नए पोस्ट पर आपका स्वागत है-
http://seawave-babli.blogspot.com/
http://ek-jhalak-urmi-ki-kavitayen.blogspot.com/

S.M.HABIB (Sanjay Mishra 'Habib') ने कहा…

बहुत प्रभावी... सार्थक चिंतन....
आपको दीप पर्व की सपरिवार सादर शुभकामनाएं....

अशोक सलूजा ने कहा…

सुंदर और सार्थक सोच के लिए बधाई ...
दिवाली की शुभकामनाएँ!

Yashwant R. B. Mathur ने कहा…

दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ!

कल 25/10/2011 को आपकी कोई पोस्ट!
नयी पुरानी हलचल पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है .
धन्यवाद

VIJAY PAL KURDIYA ने कहा…

बहुत सुन्दर प्रस्तुती....
दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ!

दीपवली पर गिफ्ट कार्ड बनाये माइक्रोसोफ्ट पेंट से

गिरधारी खंकरियाल ने कहा…

अंधकार के साम्राज्य पर प्रहार करते ये दीपक, ज्ञान और प्रकाश को प्रसारित करते हैं

सदा ने कहा…

बहुत ही बढि़या ...दीपोत्‍सव की शुभकामनाओं के साथ बधाई ।

DR. ANWER JAMAL ने कहा…

प्रभावशाली प्रस्तुति ...

संध्या शर्मा ने कहा…

सुन्दर प्रस्तुति के लिए आभार...
दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ...

आशा बिष्ट ने कहा…

kyo na chhote-chhote kadmo se....sarthak aur ummidon se bhara lekh|
prakash parv ki shubhkamnayen..

प्रवीण पाण्डेय ने कहा…

दीवाली की ढेरों शुभकामनायें।

vijay ने कहा…

क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं

,,,,,
सद् प्रेरणा देती हुई.
सुन्दर प्रस्तुति के लिए आभार.
दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ...

RAJ ने कहा…

अपने क्षणिक जीवन में
वह सब समझ लेता है
जो हम जीवन भर नहीं समझ पाते
तभी तो वह अपनी जीवन की
मूल्यवान घड़ियों को व्यर्थ नहीं गवांता
...जीवन का सार्थक सन्देश देती सुन्दर रचना.
दीपोत्‍सव की शुभकामनाएँ...

बेनामी ने कहा…

अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं
बहुत सुन्दर प्रस्तुति ...
धनतेरस व दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ.

PAWAN VIJAY ने कहा…

अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं
बहुत सुन्दर
दीपमालिका पर्व की हार्दिक बधाई

Bharat Bhushan ने कहा…

सुंदर भावों से सजी रचना. आपको दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ.

रश्मि प्रभा... ने कहा…

क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं ... आमीन
दिवाली की शुभकामनायें

Sunil Kumar ने कहा…

बहुत सुन्दर अभिव्यक्ति .....
दीपावली की शुभकामनायें

Human ने कहा…

saarthak,sakaartmak aur bhaawpoorna rachna,badhai!

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक' ने कहा…

कल के चर्चा मंच पर, लिंको की है धूम।
अपने चिट्ठे के लिए, उपवन में लो घूम।।
--
दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ!

kailash ने कहा…

मंद-मंद प्रकाश बिखेरना नहीं छोड़ता
सूरज के निरंतर चलते रहने के व्रत को
अंधियारी रात्रि में निरंतर जलकर
प्रकाश के क्रम को टूटने नहीं देता है

सुन्दर दीप का प्रेरणादायक सन्देश
आपको भी दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ!

Neelkamal Vaishnaw ने कहा…

ओजमय प्रस्तुति
आपको धनतेरस और दीपावली की हार्दिक दिल से शुभकामनाएं
MADHUR VAANI
MITRA-MADHUR
BINDAAS_BAATEN

M VERMA ने कहा…

यह नन्हा सा दीपक किस तरह
अपने क्षणिक जीवन में
वह सब समझ लेता है
बहुत सुन्दर ... दीपक के सन्देश का प्रकाशन
दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ

चला बिहारी ब्लॉगर बनने ने कहा…

सुन्दर प्रस्तुति, शुभ सन्देश.. आपके जीवन में भी यह दीप-पर्व उजियारा लाये!

Maheshwari kaneri ने कहा…

यह नन्हा सा दीपक किस तरह
अपने क्षणिक जीवन में
वह सब समझ लेता है... बहुत सुन्दर प्रस्तुति ... दीपावली की शुभकामनाएँ...

मनोज कुमार ने कहा…

दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं।

हरकीरत ' हीर' ने कहा…

क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें

उत्तम ख्यालात ....

दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं...!!

धीरेन्द्र सिंह भदौरिया ने कहा…

सामयिक,सुंदर प्रस्तुती 'दीप बन जग में उजियारा फैलाये,बधाई....
दीपावली की हार्दिक शुभ्कामनाये.....

Sushil Bakliwal ने कहा…

उत्तम सोच, ग्राह्य सन्देश.
दीपपर्व की हार्दिक शुभकामनाओं सहित...

संगीता पुरी ने कहा…

बहुत अच्‍छी सोंच .. आपको दीपावली की शुभकामनाएं !!

tips hindi me ने कहा…

कविता जी,
नमस्कार,
आप के लिए "दिवाली मुबारक" का एक सन्देश अलग तरीके से "टिप्स हिंदी में" ब्लॉग पर तिथि 26 अक्टूबर 2011 को सुबह के ठीक 8.00 बजे प्रकट होगा | इस पेज का टाइटल "आप सब को "टिप्स हिंदी में ब्लॉग की तरफ दीवाली के पावन अवसर पर शुबकामनाएं" होगा पर अपना सन्देश पाने के लिए आप के लिए एक बटन दिखाई देगा | आप उस बटन पर कलिक करेंगे तो आपके लिए सन्देश उभरेगा | आपसे गुजारिश है कि आप इस बधाई सन्देश को प्राप्त करने के लिए मेरे ब्लॉग पर जरूर दर्शन दें व अपने नाम के बटन को एक बार कलिक जरूर करें |
धन्यवाद |
विनीत नागपाल

Atul Shrivastava ने कहा…

सुंदर अभिव्‍यक्ति।
आपको और आपके परिवार को दीप पर्व की शुभकामनाएं....

Rajesh Kumari ने कहा…

बहुत सार्थक ,सटीक लिखा है देखो एक नन्हा सा दीप कितना महान है .

Satish Saxena ने कहा…

हमेशा की तरह एक और प्यारी सारगर्भित रचना, बधाई !
दीपावली पर आपको और परिवार को हार्दिक मंगल कामनाएं !
सादर !

vandana gupta ने कहा…

दीपावली पर्व अवसर पर आपको और आपके परिवारजनों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं

दीपक बाबा ने कहा…

दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ.

BrijmohanShrivastava ने कहा…

दीपावली केशुभअवसर पर मेरी ओर से भी , कृपया , शुभकामनायें स्वीकार करें

ऋता शेखर 'मधु' ने कहा…

gahan bhav wali rachna...deepawali ki hardik shubhkamnaen!

Kailash Sharma ने कहा…

बहुत सुन्दर प्रस्तुति...दीपावली की हार्दिक शुभकामनायें!

धीरेन्द्र सिंह भदौरिया ने कहा…

दीपावली की शुभकामनाये.....
आपका समर्थक बन रहा हूँ

Sonroopa Vishal ने कहा…

दीप पर्व की अनंत मंगलकामनाएं !

प्रेम सरोवर ने कहा…

आपके पोस्ट पर आना बहुत अच्छा लगा । मेरे पोस्ट पर आपका स्वागत है । दीपावली की शुभकामनाएं ।

Unknown ने कहा…

Bahut hi sundar rachna Kavita ji.. Aabhar..

Vishesh aabhar humare blog par pahunch kar utsahvardhan hetu, ummeed hai aapka utsaahvardhan milta rahega..

Happy Diwali..

Human ने कहा…

आपको दीपावली,भाईदूज एवं नववर्ष की सपरिवार ढेरों शुभकामनाएं !

aarkay ने कहा…

इस पोस्ट पर देर से आया हूँ , क्षमा चाहता हूँ. दीया, प्रतीक भी है, उदाहरण भी और मार्ग दर्शक भी . दिये के माध्यम से आपने जो सन्देश दिया है , वह सामयिक भी है और सार्थक भी.
बधाई स्वीकार करें !

Ajeet ने कहा…

बहुत प्रभावी और सार्थक चिंतन....
आपको दीप पर्व की सपरिवार सादर शुभकामनाएं..

Dr. Sanjay ने कहा…

क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें

बहुत सुंदर ...आपको दीप पर्व की सपरिवार सादर शुभकामनाएं..

देवेन्द्र पाण्डेय ने कहा…

सुंदर भाव।

Dolly ने कहा…

सुन्दर और सार्थक रचना
दीवाली की हार्दिक शुभकामना!

बेनामी ने कहा…

उत्तम सन्देश.....
दीपपर्व की सादर शुभकामनाएं!

ASHOK BIRLA ने कहा…

sundar bahut hi

mridula pradhan ने कहा…

prabhawshali kavita.......

Surya ने कहा…

क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं
..बहुत सुन्दर प्रेरणा देती रचना ...
दीपावली और भाई दूज की हार्दिक शुभकामना

R singh ने कहा…

इस भौतिक जगत में जो भी आया
वह एक न एक दिन जाएगा जरुर
यह तथ्य वह हमसे पहले जान लेता है
क्यों न हम भी छोटे-छोटे कदमों से
अँधेरे कोनों में भी दीप जलाते रहें
दीप बन जग में उजियारा फैलाएं
...बहुत सुन्दर सन्देश
आपको एवं आपके परिवार के सभी सदस्य को दिवाली और भाई दूज की हार्दिक शुभकामनायें !

Jeevan Pushp ने कहा…

bahut sundar prastuti..
bhaiyadooj aur chandragupt poojan ke avsar pe dher saari shubhkamnaye..

sadasya ban raha hu..

मेरा साहित्य ने कहा…

kitni sunder soch hai bahut khoob
deepawali ki bahut bahut badhai

rachana

kavita verma ने कहा…

deepotsav ki bahut bahut shubhkamnayen.

Gyan Darpan ने कहा…

शुभकामनाएँ
Gyan Darpan
RajputsParinay

pankaj ने कहा…

बहुत सुन्दर प्रस्तुति ...
दीपावली की शुभकामनाएँ

pratibha ने कहा…

बहुत सुंदर ....
दीपावली कीहार्दिक शुभकामनायें

बेनामी ने कहा…

बहुत सुंदर...
सार्थक चिंतन....
शुभकामनाएँ

सृजन शिल्पी ने कहा…

सुंदर भाव..

आह्लाद की हिलोरें उठने लगीं।

SANDEEP PANWAR ने कहा…

दीपावली की शुभकामनाएँ

बेनामी ने कहा…

सुंदर और सार्थक प्रस्तुति ...
दीपावली की शुभकामनाएँ

डॉ. नूतन डिमरी गैरोला- नीति ने कहा…

दीप यूं ही बहुत बड़ी बात कहता है.. सतत प्रकाशमान अंतिम बूंद तेल की तक...किन्तु आपकी कविता ने दिए की इस भावना पर प्रकाश दल कर बहुत कुछ कह दिया ... सादर ...

ब्लॉ.ललित शर्मा ने कहा…

दीपावली की शुभकामनाएँ

डॉ. पुरुषोत्तम लाल मीणा ने कहा…

हमेशा की भांति बेहतरीन रचना! शुभ कामनाओं सहित!
डॉ. पुरुषोत्तम मीणा 'निरंकुश'

अग्निमन ने कहा…

बहुत सुन्दर प्रस्तुति ...

Prachi ने कहा…

सुन्दर प्रस्तुति ...
दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ!

Rakesh Kumar ने कहा…

कविता जी,आप मेरे ब्लॉग पर एक अरसे से नही आई हैं.
मुझ से कोई भूल हुई है क्या ?

कृपया,मुझे बताएं क्या सुधार करूँ मैं.

Surendra shukla" Bhramar"5 ने कहा…

मानव को समभाव का पाठ पढाता
कविता जी अभिवादन सुन्दर भाव लिए प्यारी रचना काश हमारे मन का अंधियारा ये मिटा दे ...
भ्रमर ५
यह नन्हा सा दीपक किस तरह
अपने क्षणिक जीवन में
वह सब समझ लेता है
जो हम जीवन भर नहीं समझ पाते
तभी तो वह अपनी जीवन की
मूल्यवान घड़ियों को व्यर्थ नहीं गवांता
प्राणयुक्त तेल चुक जाने के बाद भी
अपनी आखिरी दम तक जलकर

प्रेम सरोवर ने कहा…

आपका पोस्ट अच्छा लगा ।मेरे नए पोस्ट पर आप आमंत्रित हैं । धन्यवाद ।

Meenakshi ने कहा…

यह नन्हा सा दीपक किस तरह
अपने क्षणिक जीवन में
वह सब समझ लेता है
जो हम जीवन भर नहीं समझ पाते
तभी तो वह अपनी जीवन की
मूल्यवान घड़ियों को व्यर्थ नहीं गवांता
प्राणयुक्त तेल चुक जाने के बाद भी
अपनी आखिरी दम तक जलकर

बहुत सुन्दर गहरे भाव एक सद्प्रेरक प्रस्तुति के लिए आभार.

Human ने कहा…

कृपया पधारेँ । http://poetry-kavita.blogspot.com/2011/11/blog-post_06.html

रचना दीक्षित ने कहा…

सुन्दर भाव लिए प्यारी रचना,

बधाई.

बेनामी ने कहा…

सुंदर भाव..

आह्लाद की हिलोरें उठने लगीं।

Mamta Bajpai ने कहा…

सुन्दर रचना ..बधाई पहलीबार आप को पढ़ रही हू ,दिया शब्द का अर्थ ही होता है देना ..सिर्फ ..देना आप मेरे ब्लॉग पर आयेगी तो बहुत खुशी होगी

Minakshi Pant ने कहा…

बहुत सुन्दर रचना आने वाले समय के लिए बहुत सारी शुभकामनाएँ |

Vandana Ramasingh ने कहा…

प्रभावी विचार

मेरा मन पंछी सा ने कहा…
इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.
मेरा मन पंछी सा ने कहा…

बहुत ही सुन्दर रचना है

बेनामी ने कहा…

बहुत सुन्दर भावपूर्ण अभिव्यक्ति!!!

Urmi ने कहा…

आपकी उत्साहवर्धक टिप्पणी के लिए धन्यवाद!

palash ने कहा…

विवाह की वर्षगांठ की आप दोनों को हार्दिक शुभकामनायें...........

Onkar ने कहा…

बहुत सार्थक सोच