वक्त की दहलीज और प्रेम का सार
कविता रावत
मई 02, 2026
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समय की निर्दयी लहरों ने जिन्हें विवश कर पृथक किया, स्मृतियों के उन अनमोल मोतियों को, जिन्होंने मौन में संचित किया। संसार ने प्रेम की परिभाषा...
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