भोपाल की कविता रावत ने बनाया विश्व रिकॉर्ड: जानिए 12.8 फीट ऊँची लौंग तुलसी उगाने का पूरा सच और तरीका - Kavita Rawat Blog, Kahani, Kavita, geet, bhajan, Lekh, Yatra vritant, Sansmaran, Bacchon ka Kona
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सोमवार, 21 सितंबर 2026

भोपाल की कविता रावत ने बनाया विश्व रिकॉर्ड: जानिए 12.8 फीट ऊँची लौंग तुलसी उगाने का पूरा सच और तरीका


भोपाल की पर्यावरण प्रेमी कविता रावत ने 12.8 फीट (12 फीट 8 इंच) ऊँची लौंग तुलसी (Ocimum gratissimum) उगाकर 'इंडिया स्टार वर्ल्ड रिकॉर्ड' में नाम दर्ज कराया है। जानिए लौंग तुलसी के फायदे, देखभाल और विश्व रिकॉर्ड बनाने का राज।

1. मुख्य आकर्षण(Quick Highlights)

  • रिकॉर्ड धारक (Record Holder): कविता रावत (भोपाल, मध्य प्रदेश)
  • रिकॉर्ड की उपलब्धि: 12.8 फीट (12 फीट 8 इंच) ऊँचा लौंग तुलसी का पौधा।
  • आधिकारिक मान्यता: इंडिया स्टार वर्ल्ड रिकॉर्ड्स (India Star World Record) और लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में प्रस्तुत।
  • पौधे की प्रजाति: लौंग तुलसी / वन तुलसी (Ocimum gratissimum)
  • उगाने की तकनीक: 100% जैविक खाद और NPK संतुलन तकनीक।

2. प्रस्तावना (Introduction)

तुलसी भारतीय संस्कृति, आस्था और आयुर्वेद का आधार है। सामान्यतः हमारे घरों के आंगन में तुलसी का पौधा 3 से 5 फीट तक ही बढ़ता है। लेकिन क्या आपने कभी 12 फीट 8 इंच ऊँची तुलसी का पौधा देखा है?
     भोपाल की ब्लॉगर, यूट्यूबर, पर्यावरण प्रेमी और गार्डनिंग एक्सपर्ट कविता रावत ने अपने बगीचे में जैविक खाद और नियमित देखभाल के दम पर 12.8 फीट ऊँची लौंग तुलसी उगाकर एक नया इतिहास रच दिया है। इस उपलब्धि को 'इंडिया स्टार वर्ल्ड रिकॉर्ड' द्वारा आधिकारिक मान्यता प्रदान की गई है।


3. क्या होती है 'लौंग तुलसी'? (Clove Basil vs Regular Tulsi)

अक्सर लोग 'लौंग के मसाले वाले पेड़' और 'लौंग तुलसी' में भ्रमित हो जाते हैं:
  • वैज्ञानिक नाम: Ocimum gratissimum (इसे राम तुलसी/वन तुलसी की श्रेणी में भी माना जाता है)।
  • पहचान: इसकी पत्तियों को मसलने पर लौंग (Clove) जैसी तीखी और भीनी सुगंध आती है।
  • अंतर: इसमें लौंग का मसाला (कली) नहीं उगता, बल्कि इसके औषधीय गुण और सुगंध लौंग जैसे होते हैं।

4. 12.8 फीट ऊँची तुलसी कैसे उगाई? (विश्व रिकॉर्ड के पीछे का राज)

कविता रावत ने इस पौधे को उगाने के लिए किसी भी रासायनिक खाद का प्रयोग नहीं किया। पौधे को घर के किचन वेस्ट, सूखी पत्तियां, राख और गोबर के मिश्रण से NPK का प्राकृतिक संतुलन युक्त प्राकृतिक पोषण दिया गया पौधे की असाधारण वृद्धि के पीछे निम्नलिखित 3 मुख्य कारण रहे:

1. नाइट्रोजन (N) – पौधों की वृद्धि और हरा रंग

मुख्य स्रोत: गोबर (Cow Dung) और हरा/गीला किचन वेस्ट (Kitchen Waste) (जैसे हरी सब्जियों के छिलके, चाय की पत्ती आदि)। 
पौधे के लिए कार्य: नाइट्रोजन तुलसी के पौधे के तने, टहनियों और हरी-भरी पत्तियों की तीव्र वृद्धि (Vegetative Growth) के लिए जिम्मेदार होता है। इसकी मदद से पौधा 12 फीट से भी अधिक ऊँचाई प्राप्त कर पाया।

2. फास्फोरस (P) – मजबूत जड़ें और ऊर्जा संतुलन

मुख्य स्रोत: सड़ा हुआ गोबर (कंपोस्ट गोबर खाद) और किचन वेस्ट के अवयव (जैसे इस्तेमाल किए गए अंडे के छिलके, यदि मिश्रित हों, या केले/सब्जियों के सूखे छिलके)।

पौधे के लिए कार्य: फास्फोरस पौधे की जड़ों को मिट्टी में गहराई तक फैलाता है और उन्हें मजबूत बनाता है। जब जड़ें गहरी और मजबूत होती हैं, तभी पौधा इतना विशाल और ऊँचा होने के बावजूद मजबूती से खड़ा रह पाता है।

3. पोटेशियम (K) – रोग प्रतिरोधक क्षमता और ओवरऑल हेल्थ

मुख्य स्रोत: लकड़ी/कंडों की राख (Wood Ash), केले के छिलके (किचन वेस्ट में) और सूखी पत्तियां (Dry Leaves)।

पौधे के लिए कार्य: लकड़ी की राख और केले के छिलके पोटेशियम के सबसे अमीर प्राकृतिक स्रोत हैं। पोटेशियम पौधे में जल-संतुलन (Water Regulation) बनाए रखता है, तने को कड़ा/मजबूत बनाता है और पौधे को कीटों व बीमारियों से बचाकर उसकी संपूर्ण इम्युनिटी बढ़ाता है।

5. लौंग तुलसी के औषधीय फायदे (Health Benefits)

  • इम्युनिटी बढ़ाए: लौंग तुलसी का काढ़ा सर्दी, खांसी और बुखार में तुरंत राहत देता है।
  • एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-ऑक्सीडेंट: इसके सेवन से शरीर का पाचन तंत्र मजबूत होता है और संक्रमण दूर रहता है।
  • पर्यावरण शुद्धि: इसका विशाल पौधा आसपास के वातावरण में ऑक्सीजन का स्तर बढ़ाता है और हवा को शुद्ध करता है।

6. घर पर लौंग तुलसी कैसे उगाएं?

  • मिट्टी का चयन: 50% बगीचे की मिट्टी + 30% गोबर खाद/वर्मीकंपोस्ट + 20% रेत।
  • धूप: पौधे को रोजाना कम से कम 5-6 घंटे की सीधी धूप में रखें।
  • पानी: ओवर-वॉटरिंग (ज्यादा पानी) से बचें; मिट्टी सूखने पर ही पानी दें।
7. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Q1. दुनिया का सबसे बड़ा तुलसी का पौधा किसके नाम है?
उत्तर: भारत में भोपाल की कविता रावत के नाम 12.8 फीट ऊँची लौंग तुलसी उगाने का 'इंडिया स्टार वर्ल्ड रिकॉर्ड' दर्ज है।
Q2. क्या लौंग तुलसी में सच में लौंग उगती है?
उत्तर: नहीं, लौंग तुलसी की पत्तियों में लौंग जैसा तेल और सुगंध होती है, लेकिन मसाला (लौंग की कली) अलग पेड़ पर उगता है।
Q3. लौंग तुलसी का वैज्ञानिक नाम क्या है?
उत्तर: लौंग तुलसी का वैज्ञानिक नाम Ocimum gratissimum है।

8. निष्कर्ष (Conclusion)

कविता रावत की यह उपलब्धि न केवल गार्डनिंग के क्षेत्र में एक मिसाल है, बल्कि यह साबित करती है कि अगर सही पोषण और जैविक तकनीकों का इस्तेमाल किया जाए, तो प्रकृति अद्भुत चमत्कार दिखा सकती है। इस लौंग तुलसी को सही समय पर कटाई-छंटाई और धूप का संतुलन और रसायन-मुक्त संतुलित NPK मिला, जिससे यह पौधा अपनी सामान्य ऊँचाई (3-5 फीट) को पार करके 12.8 फीट का विश्व रिकॉर्ड बना सका।

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