पानी रे पानी, तेरा रंग कैसा? (एक जल-व्यंग्य)
कविता रावत
मई 07, 2022
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दो दिन से नल का कंठ ऐसा सूखा है कि पानी की एक बूंद भी नहीं टपकी। यह जल-आपूर्ति विभाग भी गजब है—कथनी और करनी में जमीन-आसमान का अंतर! हमसे कहा...
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