छोटा सा तन हिया हिमालय लाल बहादुर लाल का | शास्त्री जी पर एक कविता |
कविता रावत
अक्टूबर 02, 2025
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... छोटी काया दूर गांव था पैदल आते-जाते थे। सावन-भादौ नदी पार कर प्रतिदिन पढ़ने जाते थे।। भारी बस्ता, हालत खस्ता, पग में छाले पड़ जाते थे।...
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